उत्तराखंड

उत्तराखंडः कड़ी मेहनत और जज्बे से रिजुल ने पाई मंजिल, अब करेंगे देश सेवा…

हल्द्वानी: कहते है न जब किसी सपने को पूरा करने के लिए पूरी शिद्दत से मेहनत की जाए तो मंजिल मिल ही जाती है। यीपीएससी के रिजल्ट के साथ कई सफलता और मेहनत की मिसाले सामने आ रही है। इन मिसालों में एक नाम और है रिजुल का। रिजुल ने तीसरी बार यूपीएससी परीक्षा पास की है। और अब वह आईपीएस अफसर बनकर देश की सेवा करेंगे।

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मीडिया रिपोर्टस के अनुसार हल्द्वानी डीएफओ के पुत्र रिजुल ने यूपीएससी परीक्षा में 322 भी रैंक हासिल कर पूरे परिवार का नाम रोशन किया है। रिजुल बाजपुर जीजीआईसी के वार्ड नंबर 12 निवासी है। वह हल्द्वानी में तैनात डीएफओ बाबूलाल के पुत्र हैं। इसलिए रिजुल की इस उपलब्धि से बाजपुर के साथ-साथ हल्द्वानी में भी जश्न का माहौल है।

रिजुल का सपना आईपीएस बनना था। ऐसे में अब वह इस रैंक के साथ आईपीएस बन कर देश सेवा कर सकेंगे। उल्लेखनीय है कि रिजुल की हाईस्कूल तक की पढ़ाई सेंट मेरी स्कूल से हुई थी। जिसके बाद उन्होंने मदर इंडिया पब्लिक स्कूल से इंटर किया। बाद में रिजुल ने एनआईटी जयपुर से इंजीनियरिंग की है। बेटे ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और गुरुजनों को दिया है।

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रिजुल यूपीएससी में सफलता पाने के लिए बीते कुछ सालों से लगातार मेहनत कर रहे थे। उन्होंने पहले वर्ष 2019 में 702 रैंक पाई और 2020 में 706 रैंक पाई। लेकिन इस बार उन्होंने फिर से तैयारी की और 322 वी रैंक हासिल की। मौजूदा वक्त की बात करें तो वह इंडियन डिफेंस अकाउंट्स सर्विसेज की ट्रेनिंग के लिए गए हुए हैं।

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