उत्तराखंड

संकट:कोटेश्वर बांध मे पानी कम,टिहरी वासियों के हलक सूखे, विभाग की यह है व्यवस्था,पढ़ें

टिहरी l जल संस्थान एवं जल निगम के अधिकारियों द्वारा जनपद में पेयजल आपूर्ति के संबंध में जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल के निर्देशन में सोमवार को प्रेस को ब्रीफ की गई।

अधिशासी अभियन्ता जल संस्थान नई टिहरी प्रशान्त भारद्वाज ने बताया कि वर्तमान में कोटेश्वर झील का जल स्तर कम होने और बांध क्षेत्र में 1 जून से टीएचडीसी के पीएसपी (पम्प स्टोरेज प्लांट) परियोजना के सिविल कार्य होने के कारण नई टिहरी पम्पिंग पेयजल योजना मे पर्याप्त पेयजल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। नई टिहरी शहर में प्रतिदिन 6 एमएलडी पानी की आवश्यकता है, जबकि 3 एमएलडी पानी प्राप्त हो पा रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  केंद्रीय बजट से मध्यम वर्ग, किसान और MSME को बड़ी राहत, उत्तराखंड को मिलेगा सीधा लाभ: भाजपा

शहर में व्यवस्थित रूप से पेयजल आपूर्ति हेतु शहर को 8 जोन में बांटकर रोस्टर वाइज प्रतिदिन एक जोन को छोड़कर जलापूर्ति की जा रही है,साथ ही जिस दिन जिस जोन में पेयजल आपूर्ति बन्द रहती है उस दिन उन स्थानों पर 6 टैंकरों द्वारा पेयजल की वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है। बढ़ती गर्मी और पानी की खपत को देखते हुए आवश्यकतानुसार पानी के टैंकर बढ़ाये जायेंगे। 30 जून तक जीरो प्वांइट इनटेक प्रभावित रहेगा। वंही स्थानीय कई लोगों का कहना है कि विभाग के निचले कर्मचारी रोस्टर प्रक्रिया मे भी भेद भाव कर रहे हैं। बुराड़ी क्षेत्र मे फ़िटरो की मनमानी के चलते कई घरों मे रोस्टर के हिसाब से भी जलापूर्ति नहीं हो पा रही है।

यह भी पढ़ें 👉  रहस्य:हॉस्टल के बंद कमरे में टूटी 19 साल की ज़िंदगी: जौलीग्रांट मेडिकल यूनिवर्सिटी में MBBS छात्रा की रहस्यमयी मौत

The Latest

To Top