उत्तराखंड

सीएम धामी ने की कारगिल शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित, इन्हें किया सम्मानित…

Kargil Vijay Diwas: आज यानी 26 जुलाई को देशभर में कारगिल विजय दिवस मनाया जा रहा है। आज के ही दिन वर्ष 1999 में भारतीय सेना ने पाकिस्तानी घुसपैठियों को खदेड़ दिया और ‘ऑपरेशन विजय’ के हिस्से के रूप में टाइगर हिल और अन्य चौकियों पर कब्जा कर लिया था। इस कड़ी में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कारगिल विजय दिवस के अवसर पर भारतीय सेना के अदम्य साहस व शौर्य को नमन किया। साथ ही उन्होंने शहीदों के परिजनों व वीरांगनाओं को सम्मानित भी किया।

यह भी पढ़ें 👉  इंदिरेश अस्पताल की पहल: स्तन कैंसर के खिलाफ जागरूकता की मुहिम, विजेताओं ने दिया हौसले का संदेश

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार सीएम धामी ने  शौर्य दिवस के अवसर पर मंगलवार को गांधी पार्क स्थित शहीद स्मारक स्थल पर कारगिल शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने शहीदों के परिजनों व वीरांगनाओं को सम्मानित भी किया। सीएम धामी ने अपने संबोधन की शुरुआत रामधारी सिंह दिनकर की कविता, ‘जिनके सिंहनाद से सहमी धरती रही अभी तक डोल, कलम, आज उनकी जय बोल’ से की। इस दौरान उन्‍होंने कहा कि भारत माता की आन, बान, शान की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च न्योछावर करने वाले वीर सपूतों को नमन। कारगिल में देश के वीरों का सिंहनाद आज भी उसी वेग से गूंज रहा है।

यह भी पढ़ें 👉  धामी का संदेश, प्रीतम भरतवाण के जागर और SGRRU के नवरंग डांडिया ने बांधा संस्कृति का समां

सीएम धामी ने कहा कि मैं खुद एक सैनिक परिवार से हूं। इसलिए वीरों की वीरता को समझता हूं। कारगिल के युद्ध में वीरों की राष्ट्रभक्ति अपने चरम पर थी। उनका साहस ही था जिसके बल पर युद्ध जीता गया। उन्होंने कहा प्रदेश में बनने वाला सैन्यधाम सितंबर माह तक बनकर तैयार हो जाएगा। आने वाला दशक उत्तराखंड का दशक होगा। हमें उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने का संकल्प लेना होगा। वहीं सीएम की ओर से कोई बड़ी घोषणा न होने से सैनिक परिवार निराश भी हुए।

यह भी पढ़ें 👉  धामी का संदेश, प्रीतम भरतवाण के जागर और SGRRU के नवरंग डांडिया ने बांधा संस्कृति का समां
80 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

The Latest

To Top