उत्तराखंड

नरेन्द्र नगर वन प्रभाग में मुख्य वन संरक्षक का औचक निरीक्षण, वनाग्नि नियंत्रण तैयारियों की परखी हकीकत

टिहरी गढ़वाल। वन संरक्षण एवं वनाग्नि नियंत्रण व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से मुख्य वन संरक्षक (नोडल फायर) प्रसन्ना कुमार पात्रो ने दो दिवसीय भ्रमण कार्यक्रम के तहत वन विभाग की विभिन्न व्यवस्थाओं एवं संरक्षण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने वनाग्नि नियंत्रण तैयारियों, संसाधनों की उपलब्धता तथा विभागीय कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

भ्रमण के प्रथम दिवस मुख्य वन संरक्षक ने कुशरैला क्रू स्टेशन एवं बेमुंडा क्रू स्टेशन का निरीक्षण किया। कुशरैला क्रू स्टेशन में उन्होंने वन अग्नि नियंत्रण के लिए उपलब्ध अग्निशमन उपकरणों, वायरलेस संचार प्रणाली, वाहनों एवं अन्य संसाधनों का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि वनाग्नि की घटनाओं पर त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा सभी उपकरणों को हर समय कार्यशील अवस्था में रखा जाए।

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उन्होंने कहा कि वनाग्नि की घटनाएं वन संपदा और जैव विविधता के लिए गंभीर चुनौती हैं, इसलिए विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पूरी सतर्कता, तत्परता और समन्वय के साथ कार्य करना होगा।

इसके बाद बेमुंडा क्रू स्टेशन में वनाग्नि नियंत्रण की तैयारियों, ड्यूटी व्यवस्था एवं कर्मचारियों की कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई। मुख्य वन संरक्षक ने कर्मचारियों से संवाद कर वनाग्नि नियंत्रण के दौरान आने वाली चुनौतियों की जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने विषम परिस्थितियों में कार्य कर रहे वन कर्मियों की सराहना करते हुए कहा कि वन संरक्षण और वनाग्नि नियंत्रण में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

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द्वितीय दिवस के भ्रमण कार्यक्रम के दौरान मुख्य वन संरक्षक ने लीसा डिपो का निरीक्षण किया। इस दौरान लीसा संग्रहण, भंडारण व्यवस्था तथा अभिलेखों की जांच कर संबंधित अधिकारियों को कार्यों में पारदर्शिता एवं गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए गए।

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उन्होंने कहा कि विभागीय परिसंपत्तियों और संसाधनों का संरक्षण सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा सभी कार्य निर्धारित मानकों और नियमों के अनुरूप संचालित किए जाने चाहिए। साथ ही वन संरक्षण, वनाग्नि नियंत्रण एवं विभागीय गतिविधियों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त तैयारियां बनाए रखने के निर्देश भी दिए।

निरीक्षण कार्यक्रम के दौरान वन संरक्षक भागीरथी वृत्त धर्म सिंह मीणा, प्रभागीय वनाधिकारी दिगांथ नायक, उप प्रभागीय वनाधिकारी नरेंद्रनगर किशोर नौटियाल, वन क्षेत्राधिकारी विवेक जोशी, वन दरोगा, वन आरक्षी एवं अन्य विभागीय कर्मचारी उपस्थित रहे।

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