उत्तराखंड

आरोप: ऋषिकेश में “दीपक तले अंधेर”,मेरा ही विधायक, मेरा ही मंत्री, फिर भी शहर में कूढ़े का ढ़ेर,,

देहरादून ब्यूरो। स्वच्छ भारत अभियान को लेकर केंद्र व राज्य सरकार की ओर से जागरुकता अभियान चलाए जा रहे हैं। अभियान में निकाय प्रशासन की भी अहम जिम्मेदारी है लेकिन शहर में लगे कूड़े का ढेर ऋषिकेश के शीर्ष नेतृत्व की पोल खोल रहा है। हालत यह है कि ऋषिकेश विधानसभा सीट से चार बार के निर्वाचित विधायक और शहरी विकास मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल अपने ही विधानसभा के नगर निगम को बजट नहीं दिला पा रहे है। यह हम नहीं बल्कि निगम के तमाम पार्षदों के आरोप है। आरोप हैं कि शहरी विकास मंत्रालय और विधायक की लापरवाही से ऋषिकेश नगर निगम गंदगी और दुर्गंध का अड्डा बनता जा रहा है। जिससे जनता की आकांक्षाएं आहत हो रही है और ऋषिनगरी कि छवि दिन ब दिन धूमिल होती नजर आ रही। कहना है कि मंत्री भी अपना विधायक भी अपना फिर भी दीपक तले अंधेरा है। वंही निगम महापौर के साथ भी चल रही खींचतान की बात भी सामने आ रही है।

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मीडिया रिपोर्टस के अनुसार ऋषिकेश के पार्षदों ने देहरादून सचिवालय पहुंच अपर मुख्य सचिव आनंद वर्धन से मुलाकात कर बजट जारी करने की मांग की है। जहां ऋषिकेश में बीजेपी के दो बड़े नेता है। सत्ता में अपनी सरकार होने के बावजूद विधायक जो शहरी विकास मंत्री भी है तब भी अपने क्षेत्र को कूड़े के ढेर से निजात नहीं दिला पा रहे है,जिससे पीएम मोदी के स्वच्छ भारत मिशन को भी पलिता लग रहा है। ऋषिकेश नगर निगम के पार्षदों का कहना है कि वह शहरी विकास मंत्री से लगातार अनुरोध कर रहे हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।

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बताया जा रहा है कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत से केंद्र द्वारा कूड़ा निस्तारण के लिए ऋषिकेश नगर निगम को करीब 6 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। यह पैसा शहरी विकास विभाग के पास पड़ा है, लेकिन विभागीय अफसर इस बजट को नगर निगम को रिलीज करने को तैयार नहीं हैं। विधायक और मंत्रालय की अनदेखी से आक्रोशित पार्षदों का कहना है कि अगर उनकी मांग जल्द ही पूरी नहीं की जाती है, तो वह अपने साथ ऋषिकेश की तमाम जनता को लेकर उत्तराखंड सचिवालय के बाहर टेंट लगाकर धरना देंगे।

-एसीएस से मिले पार्षद-
बीते दिनों पूर्व निगम के दो दर्जन से अधिक पार्षद सचिवालय पहुंचे उन्होंने ऋषिकेश नगर निगम के लिए शहरी विकास से रुके हुए बजट को लेकर अपर मुख्य सचिव आनंद वर्धन से मुलाकात की। मुलाकात के बाद आनंद वर्धन ने कहा कि ऋषिकेश के लोगों की समस्या स्वभाविक है। इसको जल्द ही समाधान की दिशा में ले जाया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह मामला शासन में प्रोसेस में है। इसको लगातार फॉलो किया जा रहा है। जल्द से जल्द बजट की स्वीकृति की जाएगी।

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विडम्बना–
ऋषिकेश विधानसभा में भाजपा के दो बड़े नेता शीर्ष नेतृत्व में है। आलम यह है कि दोनों नेताओं की आपसी सामंजस्य न होने की बात भी सामने आ रही है। जिसका खामियाजा जनता को भुगतान पड़ रहा है और ऋषिकेश कूड़े के ढेर में इन दिनों नजर आ रहा है।

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