‘जय श्रीराम’ के उद्घोष से गूंजा डोईवाला, श्रीराम के राज्याभिषेक के साथ रामलीला महोत्सव का भव्य समापन
देहरादून/डोईवाला। स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय, जौलीग्रांट के सेंट्रल पार्क में हिमालयन रिक्रिएशनल एंड वेलफेयर ट्रस्ट की ओर से आयोजित रामलीला महोत्सव का समापन भगवान श्रीराम के भव्य राज्याभिषेक और दीपावली उत्सव के साथ हुआ। अंतिम दिन रावण दहन के बाद श्रीराम के अयोध्या आगमन से लेकर राजतिलक तक के प्रसंगों का भावपूर्ण मंचन किया गया। प्रभु श्रीराम के राजसिंहासन पर विराजमान होते ही पूरा पंडाल ‘जय श्रीराम’ के जयकारों से गूंज उठा।
रामलीला के मंचन में रावण वध के बाद विभीषण के लंका के राजा बनने तथा 14 वर्ष का वनवास पूर्ण कर भगवान श्रीराम, माता सीता और लक्ष्मण के पुष्पक विमान से अयोध्या लौटने का दृश्य प्रस्तुत किया गया। प्रभु श्रीराम के आगमन की खुशी में भरत, शत्रुघ्न और अयोध्यावासियों ने दीप प्रज्वलित कर उनका स्वागत किया। सेंट्रल पार्क दीपों की रोशनी से जगमगा उठा और पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
इसके बाद गुरु वशिष्ठ और अन्य गुरुजनों की उपस्थिति में भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक किया गया। इस दृश्य ने दर्शकों को भावुक कर दिया। रामलीला के माध्यम से सत्य की असत्य पर विजय, धर्म की स्थापना और आदर्श शासन व्यवस्था के प्रतीक रामराज्य का संदेश दिया गया।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माणा ने आयोजन से जुड़े पदाधिकारियों, कलाकारों और दर्शकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि रामलीला का उद्देश्य केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि नई पीढ़ी को रामायण के संस्कारों, भारतीय संस्कृति और मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के आदर्शों से जोड़ना है।
श्रद्धा, उत्साह और उल्लास के बीच संपन्न हुए रामलीला महोत्सव ने दर्शकों को सत्य, मर्यादा, न्याय और कर्तव्य के मार्ग पर चलने का संदेश दिया। श्रीराम के राज्याभिषेक के साथ महोत्सव ने भक्ति और सांस्कृतिक चेतना की अमिट छाप छोड़ी।

