उत्तराखंड

हरिद्वार में सीएम धामी ने किया फूड प्रोसेसिंग एवं पैकेजिंग प्लांट का शुभारंभ…

Uttarakhand News: उत्तराखंड के हरिद्वार में शनिवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने फूड्स कंपनी के प्रोसेसिंग एवं पैकेजिंग प्लांट का शुभारंभ किया है।  इस दौरान उन्होंने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कई बड़ी घोषणाएं की है। उन्होंने कहा कि मशरूम विकास योजना लागू करने की  बात कही। उन्होंने कहा कि वन डिस्ट्रिक वन प्रोजेक्ट (ओडीओपी) के तहत हरिद्वार के लिए मशरूम उत्पादन का चयन किया हुआ है।

मीडिया रिपोर्टस के अनुसार मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जगद्गुरु शंकराचार्य से आशीर्वाद लेने हरिद्वार पहुंचे। वहीं उन्होंने भगवानपुर में बुग्गावाला स्थित नौकराग्रंट में फूड प्रोसेसिंग एवं पैकेजिंग प्लांट का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि सरकार जल्द ही मुख्यमंत्री मशरूम विकास योजना लागू की जा रही है। बुग्गावाला क्षेत्र में 14 एकड़ में बने इस पॉलीहाउस से आसपास के लोगों को रोजगार मिलेगा और प्लांट से मशरूम क्षेत्र में भी नई पहचान बनेगी। इस योजना से करीब 25 हजार युवाओं को लाभ होगा।

यह भी पढ़ें 👉  बीकेटीसी मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ की माता के निधन पर शोक की लहर

वहीं उन्होंने कहा कि प्रदेश में अल्मोड़ा में खुबानी, बागेश्वर में कीवी, चम्पावत में तेजपत्ता एवं मसाले, चमोली में मछली, देहरादून में बेकरी, नैनीताल में आडू, पौड़ी में माल्टा, रुद्रप्रयाग में चौलाई, टिहरी में अदरक, उत्तराकाशी में सेब, ऊधम सिंह नगर में आम और पिथौरागढ़ में हल्दी के उत्पादन हेतु चयनित किया गया है। जल्द इन योजनाओं के तहत प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण इकाई के लिए 49 लाभार्थियों का ऋण स्वीकृत किया गया है। इसमें से 28 लाभार्थियों ने अपनी यूनिट लगा भी ली है।

यह भी पढ़ें 👉  वन विभाग मसूरी की सख्ती: बिना अनुमति कार्य पर कड़ी कार्रवाई, मुकदमा दर्ज

वहीं उन्होंने प्लांट का निरीक्षण कर कहा कि इससे आसपास के करीब 200 परिवारों को रोजगार मिल रहा है। वहीं इस प्लांट से क्षेत्र को मशरूम के क्षेत्र में नई पहचान भी मिलेगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम उन्नयन योजना (PMEME) के तहत कई उद्यमों को खोला गया है जो कि सही मायने में नया भारत, समृद्ध, शक्तिशाली, आत्मनिर्भर, विकसित भारत की राह दिखा रहा है। प्रदेश में कृषि उत्पादों के बेहतर प्रसंस्करण की अपार संभावनाएं है।

यह भी पढ़ें 👉  स्वामी रामतीर्थ परिसर में “मंथन” बना शोधार्थियों की अभिव्यक्ति का सशक्त मंच
2 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

The Latest

To Top