उत्तराखंड

हिमालयन इंस्टिट्यूट में डिजिटल क्रांति: PACS सिस्टम से बदली स्वास्थ्य सेवाओं की तस्वीर

डोईवाला/देहरादून । स्वास्थ्य सेवाओं की दुनिया में तेजी से बदलती तकनीक के इस दौर में हिमालयन इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, जौलीग्रांट ने एक ऐसा कदम उठाया है, जो न केवल चिकित्सा व्यवस्था को आधुनिक बनाएगा, बल्कि मरीजों के अनुभव को भी पूरी तरह बदल देगा।

हिमालयन के रेडियोलॉजी विभाग में अत्याधुनिक पिक्चर आर्काइविंग एंड कम्युनिकेशन सिस्टम (PACS) आधारित रिपोर्टिंग प्रणाली की शुरुआत के साथ ही संस्थान ने स्पष्ट कर दिया है कि वह केवल इलाज ही नहीं, बल्कि भविष्य की स्वास्थ्य सेवाओं का निर्माण कर रहा है।

इस तकनीक का विधिवत शुभारंभ विश्वविद्यालय अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माना और संस्थापक सदस्य डॉ. सैमुअल ने किया। यह केवल एक औपचारिक शुरुआत नहीं, बल्कि हिमालयन की उस दूरदर्शी सोच का प्रतीक है, जो स्वास्थ्य सेवाओं को अंतरराष्ट्रीय मानकों तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है।

यह भी पढ़ें 👉  डीएम सविन बंसल की सख्ती—जनता दर्शन में 212 शिकायतों के त्वरित निस्तारण के निर्देश

डॉ. विजय धस्माना ने अपने संबोधन में कहा कि हिमालयन लगातार नई तकनीकों को अपनाकर मरीजों को बेहतर, तेज और विश्वसनीय चिकित्सा सेवाएं देने की दिशा में कार्य कर रहा है। PACS प्रणाली उसी संकल्प का सशक्त उदाहरण है, जो इलाज को न केवल सटीक बनाएगी, बल्कि समय की बचत भी सुनिश्चित करेगी।

यह भी पढ़ें 👉  अंतरराष्ट्रीय गढ़वाल महासभा में गूंजा बेटियों का गौरव, डॉ. राजे नेगी ने बढ़ाया हौसला

रेडियोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. शैलेंद्र रघुवंशी ने बताया कि इस प्रणाली के लागू होने से अब मरीजों को रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। डिजिटल इमेजिंग के माध्यम से रोगों की पहचान पहले से अधिक स्पष्ट और सटीक होगी। वहीं, फिल्म आधारित प्रणाली के समाप्त होने से मरीजों को भारी-भरकम रिपोर्ट साथ लेकर चलने की झंझट से भी मुक्ति मिलेगी।

डॉ. प्राची काला ने इस तकनीक को चिकित्सा क्षेत्र में “गेम चेंजर” बताते हुए कहा कि अब डॉक्टर किसी भी स्थान से मरीजों की रिपोर्ट तक तुरंत पहुंच बना सकेंगे। इससे इलाज की गति और गुणवत्ता दोनों में अभूतपूर्व सुधार देखने को मिलेगा।

यह भी पढ़ें 👉  डीएम सविन बंसल की सख्ती—जनता दर्शन में 212 शिकायतों के त्वरित निस्तारण के निर्देश

हिमालयन में शुरू हुई यह पहल केवल तकनीकी उन्नयन नहीं, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक संवेदनशील, सुलभ और पर्यावरण के अनुकूल बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम है। फिल्म और केमिकल के उपयोग में कमी के साथ यह प्रणाली पर्यावरण संरक्षण में भी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

स्पष्ट है कि हिमालयन इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज अब केवल एक अस्पताल नहीं, बल्कि आधुनिक चिकित्सा नवाचार का केंद्र बनता जा रहा है—जहां तकनीक, सेवा और संवेदनशीलता का अद्भुत संगम देखने को मिलता है।

The Latest

To Top