एसआरएचयू में ‘हिमोत्सव-2026’ का भव्य आगाज, गीत-संगीत और नृत्य से सजी सांस्कृतिक संध्या
देहरादून । स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू) जौलीग्रांट में तीन दिवसीय स्थापना दिवस समारोह ‘हिमोत्सव-2026’ का मंगलवार को भव्य शुभारंभ हुआ। समारोह के पहले दिन आयोजित सांस्कृतिक संध्या में गीत, संगीत और नृत्य की शानदार प्रस्तुतियों ने पूरे परिसर को उत्साह और उमंग से भर दिया।
कार्यक्रम का उद्घाटन विश्वविद्यालय के अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माना, कुलपति डॉ. राजेंद्र डोभाल, डॉ. विजेंद्र चौहान और डॉ. अशोक देवराड़ी ने संस्थापक स्वामी राम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में गढ़वाली, पंजाबी, गुजराती और हिमाचली संस्कृति की झलक देखने को मिली। कार्यक्रम की शुरुआत फिजियोथेरेपी की छात्रा भूमिका की गणेश वंदना नृत्य प्रस्तुति से हुई। इसके बाद स्कूल ऑफ योगा साइंसेज की आरती और उनके समूह ने आकर्षक नृत्य प्रस्तुत किया, जबकि हिमालयन हॉस्पिटल के कलाकारों ने सोलो डांस से दर्शकों का मनोरंजन किया।
स्कूल ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज के दत्ता एंड ग्रुप ने ‘देखा तुमको’ गीत पर ग्रुप डांस प्रस्तुत किया। स्कूल ऑफ फार्मास्युटिकल साइंसेज की डॉली एंड ग्रुप ने राजस्थानी लोकनृत्य ‘घूमर’ से कार्यक्रम में रंग भर दिए। वहीं स्कूल ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी की मिष्ठी एंड ग्रुप ने साउथ इंडियन गीत पर प्रस्तुति देकर दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं। एमबीबीएस की स्तुति और उनके समूह ने भी राजस्थानी लोकनृत्य से समां बांधा।
सोलो सॉन्ग और डांस प्रस्तुत करने वालों में विजय, संचित, अन्वी, जय, आयुष और संदीप शामिल रहे। आयोजन समिति में डॉ. मीना हर्ष, डॉ. ज्योति द्विवेदी, डॉ. अनुराधा कुसुम, डॉ. पियूष राय, डॉ. प्रिया जेपी, अनुपमा मिश्रा, डॉ. सरबजीत सैनी, एकता राव, डॉ. गीता भंडारी, अभिषेक चंदोला, सुनील खंडूड़ी, प्रीति प्रभा, डॉ. अनीता शर्मा, डॉ. आशुतोष और डॉ. अखिलेश ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय अध्यक्ष डॉ. विजय धस्माना ने कहा कि बीते वर्षों में एसआरएचयू ने शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वरोजगार के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। उन्होंने छात्रों से समाज और राष्ट्र की उन्नति में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया।
–‘नवरस देवी’ नृत्य-नाटिका ने मोहा मन
हिमोत्सव के पहले दिन बेंगलुरु के साधना संगम डांस केंद्र द्वारा प्रस्तुत प्रसिद्ध नृत्य-नाटिका ‘नवरस देवी’ ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। देवी भागवत पुराण पर आधारित इस प्रस्तुति में भारतीय शास्त्रीय नृत्य के माध्यम से देवी के नौ रूपों और नौ रसों की प्रभावशाली अभिव्यक्ति की गई।
प्रस्तुति का नेतृत्व प्रख्यात नृत्यांगना डॉ. साधनाश्री ने किया। कार्यक्रम की संकल्पना ज्योति पट्टाभिराम की थी, जबकि स्क्रिप्ट आर. गणेश ने लिखी। संगीत संयोजन डी.एस. श्रीवत्सा और जी. गुरुमूर्ति ने किया।
—कर्मचारियों को किया गया सम्मानित
इससे पहले सुबह आयोजित कर्मचारी सम्मान समारोह में उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वालों में डॉ. गुंजन छाबड़ा, डॉ. विशाल राजपूत, डॉ. सुधीर देवली, संदीप शर्मा, सुविधा भट्ट, डॉ. हिमाद्री ममगांई, आशीष गुरूंग, अमन शर्मा, सचिन, अनीता देवी, कैलाश नेगी, सतीश जुयाल, सूरज, रमेश और इंद्र पाल सिंह शामिल रहे।



